Thu. Feb 26th, 2026

मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने बीजेपी पर साधा निशाना, कहा- ‘पिछली सरकार में हाथी उड़ाए जा रहे थे, इसलिए आज उत्पात मचा रहे हैं’

IMG 20260226 165335 | Rashtra Samarpan News
Oplus_131072

रांची/गोमिया, 26 फरवरी 2026: झारखंड में बढ़ते मानव-हाथी संघर्ष को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने बीजेपी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि बीजेपी शासनकाल में “हाथी उड़ाए” जा रहे थे, इसलिए आज जंगली हाथी उत्पात मचा रहे हैं।

मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने मीडिया से बातचीत में कटाक्ष करते हुए कहा, “पिछली बीजेपी सरकार के समय हाथी उड़ा रहे थे, जनता की वेदना का अहसास नहीं था। क्या ये हाथी बीजेपी वाले हैं? आज जो उत्पात बढ़ा है, वह उसी की देन है। हमारी सरकार इसे कंट्रोल करने की पूरी कोशिश कर रही है।” उन्होंने बीजेपी को चेतावनी भी दी कि वे 2039 तक झारखंड की सत्ता में नहीं लौट पाएंगे।

यह बयान राज्य में हाल के हाथी हमलों के बीच आया है, जहां जनवरी-फरवरी 2026 में ही 20 से अधिक मौतें रिपोर्ट हुई हैं। चाईबासा, हजारीबाग, रामगढ़, बोकारो जैसे जिलों में ग्रामीण दहशत में हैं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भी इस पर चिंता जताई है और मुआवजा बढ़ाने, एलीफेंट रेस्क्यू टीम बनाने, थर्मल ड्रोन से निगरानी, सायरन सिस्टम लगाने जैसे कदमों की तैयारी की बात कही है।

बीजेपी पक्ष से इस बयान की कड़ी आलोचना हुई है। पूर्व विधायकों और नेताओं ने कहा कि मंत्री को शर्मिंदगी महसूस करनी चाहिए, क्योंकि उनके क्षेत्र गोमिया-बोकारो में भी कई मौतें हुई हैं और समस्या पूरे राज्य की है, न कि किसी एक पार्टी की।

वन विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, झारखंड में हाथियों की संख्या घट रही है, लेकिन आवासीय क्षेत्रों में उनकी घुसपैठ बढ़ रही है जिसके पीछे जंगलों की कटाई, खनन और जलवायु परिवर्तन जैसे कारण बताए जा रहे हैं। सरकार ने प्रभावित परिवारों को मुआवजा देने और ग्रामीणों को प्रशिक्षित कर रेस्क्यू टीम बनाने का वादा किया है।

यह राजनीतिक विवाद मानव-वन्यजीव संघर्ष को और उजागर कर रहा है, जहां विशेषज्ञों का कहना है कि राजनीति से ज्यादा ठोस नीतिगत हस्तक्षेप की जरूरत है।

Related Post

error: Content is protected !!